तउआ होइ गया गरम

रसोईया मझ बैठी री अपनी छोटी मठिया रौशनिया जो अम्मे हाक पायी..

“रौशनिए जे चूल्हे पर रखिरा तउआ गरम होई जांगा ता मिंजो दस्याँ”, अम्मे बोल्या.

थोड़ी देरा बाद..

“अम्मा.. तउआ होइ गया गरम”, रोशानिये हाक पाई.

“तीजो कियां लगया पता जे भई गरम होई गया, अम्मे पूछ्या.

मैं थुख्या काने “चल्लेईं” होई, रोशनी बोली.

-- advertisement --
जोगिंदरनगर से जुड़ने/जोड़ने की हमारी इस कोशिश का हिस्सा बनें। इस न्यूज को
करें और हमारे फेसबुक पेज को भी
करें। इससे न केवल आप हमें प्रोत्साहित करेंगे बल्कि जोगिंदरनगर की लेटैस्ट न्यूज भी प्राप्त कर सकेंगे।