जोगिन्दरनगर में क्षेत्रीय सह सुविधा एवं अनुसंधान केंद्र को बचाने के लिए आंदोलन जारी
जोगिन्दरनगर : आयुष विभाग के जोगिन्दरनगर स्थित क्षेत्रीय सह सुविधा एवं अनुसंधान केंद्र (आरसीएफसी) को यहां से सोलन स्थानांतरित किए जाने के विरोध में शुरू किया गया क्रमिक अनशन बुधवार को 14वें दिन में प्रवेश कर गया।
आरसीएफसी बचाओ संघर्ष समिति के बैनर तले चल रहे इस आंदोलन में क्षेत्र के विभिन्न पंचायत प्रतिनिधि, सामाजिक संगठनों के पदाधिकारी, महिलाएं, युवा तथा स्थानीय लोग लगातार भाग ले रहे हैं।
संघर्ष समिति ने स्पष्ट किया है कि जब तक आरसीएफसी को जोगिंदर नगर में बहाल रखने का निर्णय नहीं लिया जाता, तब तक आंदोलन जारी रहेगा।
संघर्ष समिति के अध्यक्ष गुरुशरण परमार ने कहा कि आरसीएफसी को जोगिंद्रनगर से सोलन स्थानांतरित करने के निर्णय को लेकर क्षेत्र की जनता में लगातार रोष बढ़ रहा है।
उन्होंने कहा कि समिति अब इस मुद्दे को और प्रभावी ढंग से उठाने के लिए मंडी संसदीय क्षेत्र की सांसद कंगना रणौत से भी मुलाकात करेगी।
बुधवार को क्रमिक भूख हड़ताल के 14वें दिन ढेलू पंचायत के प्रधान हरनाम सिंह, सेवानिवृत्त प्रवक्ता जीवन राम पालिया, ढेलू के पूर्व वार्ड सदस्य शंभू राम पालिया तथा सरवण कुमार अनशन पर बैठे।
इस दौरान संघर्ष समिति के सदस्यों ने अनशनकारियों का समर्थन किया तथा आरसीएफसी को जोगिंदर नगर में ही बनाए रखने की मांग को दोहराया। जिला परिषद सदस्य कुशाल भारद्वाज ने कहा कि आंदोलन को कमजोर करने के लिए शुरुआत से ही कुछ नेताओं और स्वार्थी तत्वों द्वारा प्रयास किए जाते रहे हैं, लेकिन क्षेत्र की जनता की एकजुटता के चलते आंदोलन लगातार सुनियोजित और अनुशासित तरीके से आगे बढ़ रहा है।
उन्होंने कहा कि जनता ने यह स्पष्ट कर दिया है कि जोगिन्दरनगर से किसी भी महत्वपूर्ण संस्थान को बिना ठोस कारण के बाहर भेजे जाने को स्वीकार नहीं किया जाएगा।
